नैनीताल के ज्योलीकोट में दूषित पानी से हड़कंप, प्रशासन ने संभाला मोर्चा, अंतिम आदेश तक स्कूल बंद

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नैनीताल के ज्योलीकोट में दूषित पानी के कारण स्कूल, कॉलेज और आंगनबाड़ी केंद्र अगले सूचना तक बंद किए जाने के आदेश जारी.
नैनीताल: ज्योलीकोट क्षेत्र में जल जनित बीमारियों के बढ़ते प्रकोप के बाद प्रशासन हरकत में आया है. सोमवार को मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पांडे ने ज्योलीकोट, गाजा, सरियाताल और छीड़ा समेत कई गांवों का स्थलीय निरीक्षण किया. सीडीओ ने बीमार लोगों का हाल जाना और स्वास्थ्य विभाग को घर-घर जाकर सैंपलिंग के निर्देश दिए. वहीं जल संस्थान को जल स्रोतों की नियमित जांच और क्लोरीनेशन के आदेश दिए गए हैं. पूरे मामले की जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंपी जाएगी. वहीं क्षेत्र में अंतिम आदेश तक स्कूलों में छुट्टी के आदेश जारी किए गए हैं.
ज्योलीकोट क्षेत्र में जल जनित बीमारियों के बढ़ते प्रकोप ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है. लगातार सामने आ रहे बीमारी के मामलों के बाद अब प्रशासन ने मोर्चा संभाल लिया है. सोमवार को मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पांडे ने ज्योलीकोट के साथ ही गाजा, सरियाताल, छीड़ा और आसपास के गांवों का स्थलीय निरीक्षण किया.
सीडीओ ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ज्योलीकोट पहुंचकर भर्ती मरीजों का हाल जाना और स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्थाओं का जायजा लिया. उन्होंने अधिकारियों को साफ निर्देश दिए कि बीमारी की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगातार गांवों में मौजूद रहेंगी. स्वास्थ्य विभाग को हर घर जाकर ब्लड सैंपलिंग और वायरस सैंपलिंग करने के निर्देश दिए गए हैं. ग्रामीणों को जागरूक करने के साथ स्वास्थ्य कैंप लगाने और बीमार लोगों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने को कहा गया है.
गंभीर मरीजों को जरूरत पड़ने पर समय से हायर सेंटर रेफर करने के भी निर्देश दिए गए हैं. वहीं पेयजल व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन ने सख्ती दिखाई. सीडीओ ने जल संस्थान और पेयजल निगम को सभी जल स्रोतों की नियमित सैंपलिंग, क्लोरीनेशन और पानी की शुद्धता की जांच करने के निर्देश दिए. स्रोत से लेकर अंतिम घर तक पानी के सैंपल लेने को कहा गया है. वीरभट्टी में सीवरेज लाइन के चैंबर से हो रहे लीकेज का भी निरीक्षण किया गया.
लापरवाही पर होगी कार्रवाई: सीडीओ ने जल संस्थान को लीकेज की मरम्मत और शिफ्टिंग का काम तत्काल पूरा करने के निर्देश दिए. प्रशासन ने साफ किया है कि जो जल स्रोत दूषित पाए जाएंगे, उन्हें सील कराया जाएगा. वहीं पिछले तीन महीनों में लिए गए पानी के सैंपलों की रिपोर्ट भी तलब की गई है. सबसे अहम बात यह है कि पूरे मामले की जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंपी जाएगी. सीडीओ ने कहा कि, जांच में जिस भी स्तर पर लापरवाही सामने आएगी, संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
स्कूल, कॉलेज बंद: मुख्य शिक्षा अधिकारी रंजीत सिंह नेगी ने बताया कि, ज्योलीकोट क्षेत्र के कई गांव में पीलिया और डायरिया जैसी बीमारियों के तेजी से फैलने के कारण स्कूली बच्चों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा मडरा रहा है. जिस कारण ज्योलीकोट क्षेत्र के 11 स्कूलों और 5 आंगनबाड़ी केंद्रों में अंतिम आदेश तक छुट्टी घोषित की गई है.
इन स्कूलों में अवकाश घोषित:
राजकीय इंटर कॉलेज ज्योलीकोट
राजकीय प्राथमिक विद्यालय ज्योली
राजकीय प्राथमिक विद्यालय ज्योलीकोट
राजकीय प्राथमिक विद्यालय गांजा
राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय छीड़ागांजा
हिमालयन एकेडमी ज्योलीकोट
सेंट एंथोनी कॉन्वेंट ज्योलीकोट
सेंट एंथोनी कॉलेज ज्योलीकोट
बाल संसार स्कूल ज्योलीकोट
नेचर वैली इंटरनेशनल स्कूल सरियाताल
सिद्धार्थ स्कूल ज्योलिकोट
आंगनबाड़ी केंद्र ज्योली, ज्योलीकोट, सरियाताल, भल्यूटी, बेलुवाखान