
रुद्रपुर। राज्य कर विभाग द्वारा व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर किए जा रहे सर्वे को लेकर व्यापारियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। इसी क्रम में व्यापार मंडल के प्रतिनिधिमंडल ने अतिरिक्त आयुक्त राकेश वर्मा, संयुक्त आयुक्त रोशन लाल एवं उपायुक्त विनय ओझा को ज्ञापन सौंपकर विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर आपत्ति जताई।
व्यापार मंडल जिला अध्यक्ष राजकुमार भूड्ढी एवं महानगर अध्यक्ष संजय जुनेजा के नेतृत्व में पहुंचे व्यापारियों ने आरोप लगाया कि सर्वे के दौरान ऐसी जानकारियां मांगी जा रही हैं जिनका व्यापारिक गतिविधियों अथवा कर निर्धारण से प्रत्यक्ष संबंध नहीं है। प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि सर्वे की प्रक्रिया के दौरान व्यापारियों पर मानसिक एवं आर्थिक दबाव बनाया जा रहा है, जिससे व्यापारी वर्ग स्वयं को परेशान और प्रताड़ित महसूस कर रहा है।
व्यापार मंडल पदाधिकारियों ने कहा कि व्यापारी प्रदेश की अर्थव्यवस्था और राजस्व वृद्धि में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं, लेकिन वर्तमान सर्वे की कार्यप्रणाली से व्यापारियों के बीच असंतोष का माहौल है। उन्होंने कहा कि पहले से आर्थिक चुनौतियों और बाजार में मंदी का सामना कर रहे व्यापारियों के लिए इस प्रकार के विस्तृत सर्वे अतिरिक्त परेशानी का कारण बन रहे हैं।
ज्ञापन के माध्यम से व्यापार मंडल ने राज्य कर विभाग से सर्वे अभियान को तत्काल प्रभाव से बंद करने तथा व्यापारियों के कथित उत्पीड़न पर रोक लगाने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का समाधान शीघ्र नहीं किया गया तो संगठन व्यापक आंदोलन की रणनीति बनाने को बाध्य होगा।
इस दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष ओमप्रकाश अरोरा, गदरपुर व्यापार मंडल अध्यक्ष दीपक बेहड़, जिला प्रभारी अशोक छाबड़ा, जिला उपाध्यक्ष सुरमुख सिंह विर्क, अरुण अग्रवाल, गुलशन नारंग, जिला कोषाध्यक्ष विनीत जैन, शिवेन सेठी, पारस अरोरा, इरशाद अहमद, रवि तनेजा, मुकेश नारंग, संजय ठुकराल, गौरव आहूजा सहित बड़ी संख्या में व्यापारी उपस्थित रहे।


